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मेले में सुबह से ऐसी व्यवस्था करें कि शाम को धूल न उड़े : महापौर
उज्जैन | शिप्रा तट पर लगे कार्तिक मेले की व्यवस्थाएं से महापौर संतुष्ट नहीं हैं। उन्होंने अफसरों को सुधार के निर्देश दिए हैं। मेला शुरू होने के बाद पहली बार वे रविवार को सुबह से मेले की व्यवस्थाओं का जायजा लेने पहुंची। उन्होंने अफसरों से कहा-सुबह से ऐसी व्यवस्था करें कि लोग शाम को धूल से परेशान न हों।
महापौर मीना जोनवाल ने सुबह मेला क्षेत्र के साथ ही शहर के विभिन्न व्यापारिक क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था का जायजा भी लिया। उपायुक्त सुनील शाह और स्वास्थ्य अधिकारी बीके मेहते के साथ सबसे पहले कार्तिक मेला क्षेत्र में पहुंची। उन्होंने मेला क्षेत्र की सफाई व्यवस्था का निरीक्षण कर अफसरों को सफाई व्यवस्था में और सुधार लाने के निर्देश दिए। इसी के बाद उन्होंने कालिदास उद्यान में स्थित सुविधा घरों का भी निरीक्षण किया। महापौर ने लखेरवाड़ी और गोपाल मंदिर क्षेत्र में भी सफाई व्यवस्था का निरीक्षण किया। मेला क्षेत्र में सुबह सफाई कराना पर्याप्त नहीं है। महापौर ने अफसरों से दोपहर और शाम को भी सफाई कराने के निर्देश दिए। उन्होंने मेला, फूड जोन में विशेष सफाई अभियान चलाने पर जोर दिया।
मेला शुरू होने के बाद पहली बार सुबह पहुंची महापौर
अभी यह स्थिति
मेला शुरू होने से पहले अफसरों ने दावा किया था कि इस बार का मेले की थीम स्वच्छता रहेगी। लोगों से सफाई रखने का आग्रह करने के साथ मेले के हर जोन में सफाई का पूरा ध्यान रखा जाएगा। दो-तीन दिन व्यवस्थाएं ठीक रहने के बाद शनिवार और रविवार को सफाई व्यवस्था चरमरा गई। मेला जोन हो या फूड जोन हर तरफ लोगों को धूल और पॉलिथीन से परेशानी का सामना करना पड़ा।